आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को कहा कि मोदी सरकार में जांच एजेंसियां दूसरी पार्टियों को तोड़ने, उनके नेताओं को डराने-धमकाने और उन्हें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल कराने का काम करती हैं। केजरीवाल ने आज यहां प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि पंजाब सरकार के मंत्री संजीव अरोड़ा के घर पर ईडी के छापे पड़ रहे हैं। ईडी का काम यह है कि देश के अंदर अगर कहीं मनी लॉन्डरिंग हो रही है तो उसे रोकना और उसकी जांच करना। अगर इस उद्देश्य से ईडी अपनी कार्रवाई करे तो हमें कोई परेशानी नहीं है, लेकिन जब से इस देश के अंदर मोदी जी का राज आया है, सीबीआई भ्रष्टाचार को रोकने के लिए काम नहीं करती और न ही ईडी मनी लॉन्डरिंग रोकने के लिए काम करती है। वे केवल और केवल दूसरी पार्टियों को तोड़ने, उनके नेताओं को डराने-धमकाने और उन्हें भाजपा में शामिल कराने का काम करती हैं।
उन्होंने कहा कि संजीव अरोड़ा के घर ईडी कोई मनी लॉन्डरिंग की जांच करने नहीं आई है, बल्कि पिछले एक महीने के अंदर उनके यहां ईडी का यह दूसरा छापा है। इससे पहले 17 अप्रैल को ईडी आई थी और संजीव अरोड़ा के गुड़गांव, लुधियाना और दिल्ली के सभी ठिकानों पर छापे मारे गए थे। वे छापे तीन दिन चले थे। उन तीन दिनों की कार्रवाई में ईडी को ऐसा क्या नहीं मिला जो आज ढूंढने आए हैं? उसी समय अशोक मित्तल के यहां भी छापा मारा गया था, वहां भी तीन दिन कार्रवाई चली और उसके बाद अशोक मित्तल ने भाजपा ज्वाइन कर ली। उसके बाद उनके यहां छापे खत्म हो गए और उनका सारा मामला رفع दفع हो गया।
केजरीवाल ने कहा कि संजीव अरोड़ा ने भाजपा ज्वाइन नहीं की। उस दिन संजीव अरोड़ा पर काफी दबाव डाला गया कि भाजपा ज्वाइन कर लो। अगर वे उस दिन भाजपा में शामिल हो जाते तो शायद आज ईडी का छापा नहीं पड़ता। आज ईडी की कार्रवाई उन्हें सबक सिखाने के लिए हुई है कि उन्होंने भाजपा ज्वाइन क्यों नहीं की। या तो भाजपा ज्वाइन कर लो, वरना गिरफ्तार कर लिए जाएंगे। इसलिए आज ईडी का छापा पड़ा है। यह बहुत ही दुख की बात है कि मोदी राज के अंदर एजेंसियों का खुलेआम गलत इस्तेमाल किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विशेष रूप से पंजाब को निशाना बना रहे हैं। पंजाब के लोगों के साथ अन्याय और अत्याचार किया जा रहा है। पंजाब के लोगों को कुचलने की कोशिश की जा रही है। पिछले चार साल से ग्रामीण विकास के हजारों करोड़ रुपये, जिससे मंडियों और गांव-गांव की सड़कें बननी होती हैं, वे प्रधानमंत्री ने रोक दिए। पंजाब की पंजाब यूनिवर्सिटी को कब्जे में लेने की कोशिश की गई।
उन्होंने आगे कहा कि चंडीगढ़ को हरियाणा को सौंपने और पंजाब से छीनने की कोशिश की जा रही है। पंजाब के पानी पर डाका डालने और बीबीएमबी को हथियाने की कोशिश की जा रही है। ऐसे न जाने कितने मामले हैं जहां केंद्र सरकार पंजाब के लोगों के साथ अत्याचार कर रही है। अब पिछले कुछ दिनों से रोज एक ही खबर है कि आज ईडी ने यहां छापा मार दिया, आज वहां छापा मार दिया। जैसे ही बंगाल के चुनाव खत्म हुए, दिल्ली से ईडी की पूरी टीम पंजाब के अंदर आ गई है। उनका उद्देश्य कोई काला धन या मनी लॉन्डरिंग ढूंढना नहीं है।